अजमेर। ईरान-इजरायल युद्ध के कारण ईंधन (एलपीजी/पेटकोक) की भारी कमी से राजस्थान में कई फैक्ट्रियां बंद हो गई हैं। जयपुर, ब्यावर और सोजत में कपड़ा, मार्बल, केमिकल और मेहंदी उद्योग पर सबसे ज्यादा असर पड़ा है। जिससे 4000 से अधिक कामगार बेरोजगार हो गए हैं और बड़े पैमाने पर मजदूरों का पलायन शुरू हो गया है।
यह वीडियो राजस्थान में बंद हो रही फैक्ट्रियों और उससे प्रभावित श्रमिकों की स्थिति को दर्शाता है।
LPG और पेटकोक का संकट युद्ध के कारण कच्चे तेल की आपूर्ति बाधित होने से कमर्शियल एलपीजी की भारी किल्लत है। जिससे फैक्ट्रियां बंद हो रही हैं।
सोजत में भारी नुकसान हुआ है। मेहंदी के 80% कारखाने बंद हो गए हैं। जिससे 250 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है। ब्यावर और जयपुर में स्थिति: ब्यावर में 500 से ज्यादा मिनरल फैक्ट्रियां और जयपुर के पास रींगस (बोरोसिल) में फैक्ट्रियां बंद होने से कामगारों के सामने रोजी-रोटी का संकट पैदा हो गया है।
मजदूरों का पलायन: काम बंद होने के बाद, श्रमिक बिहार, यूपी और पश्चिम बंगाल की ओर लौट रहे हैं।